Shiv Aarti – Om Jai Shiv Omkara
ॐ जय शिव ओंकारा, स्वामी जय शिव ओंकारा
ब्रह्मा विष्णु सदाशिव, अर्जुन में अवतारा ॥
ॐ जय शिव ओंकारा…
एकानन चतुरानन पंचानन राजे,
हंसासन गरुड़ासन वृषवाहन साजे ॥
ॐ जय शिव ओंकारा…
दोहा रूप निरंजन ज्योति स्वयंबू,
पंचवक्त्र रुद्राक्षमाला धारी भू ॥
ॐ जय शिव ओंकारा…
नंदी गणेश कुमार कार्तिक,
चंद्रशेखर गंगाधर, शिव शंकर पार्वती-नाथ ॥
ॐ जय शिव ओंकारा…
भुजदंड त्रिशूल डमरू धरते,
व्याघ्रम्बर सोहे, नागगंगाजल बरसते ॥
ॐ जय शिव ओंकारा…
रतन जटाधर, मृगचर्मवसन,
भक्तों के संकट हरते भगवन ॥
ॐ जय शिव ओंकारा…
शरणागत भक्तों के संकट हरते,
कल्याण प्रदाता जय जय शिव शंकर ॥
ॐ जय शिव ओंकारा…
Is aarti ko kaise karein?
- Deepak, dhoop aur thoda jal Shivling / Shiv murti ko arpan karein.
- Aarti ko clear, dheere swayam ya family ke saath gayein.
- Last me Om Namah Shivaya ka 11 / 21 baar jap karein.